नेहा बोरा ने दिल्ली पुलिस के नोटिस के खिलाफ खटखटाया हाईकोर्ट का दरवाजा
AISA की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने दिल्ली पुलिस के 10 हजार रुपये के बॉन्ड नोटिस को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी है।

दिल्ली पुलिस के नोटिस के खिलाफ कोर्ट पहुंचीं नेहा बोरा
ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने दिल्ली पुलिस के एक नोटिस के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया है। दिल्ली पुलिस के नई दिल्ली जिला मजिस्ट्रेट की ओर से जारी इस नोटिस में शांति बनाए रखने के नाम पर 10,000 रुपये का मुचलका और जमानत राशि जमा करने का निर्देश दिया गया था।
BNSS की धारा 126 और पेशी का आदेश
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिल्ली पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी BNSS की धारा 126 और अन्य संबंधित धाराओं के तहत यह नोटिस जारी किया था। इस नोटिस में उन्हें स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट (SEM) के सामने पेश होने और जांच अवधि के दौरान शांति बनाए रखने के वास्ते व्यक्तिगत बॉन्ड व जमानतदार पेश करने को कहा गया था। कानूनी सलाह लेने के बाद इसे हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है।
कानूनी टीम और याचिका के तर्क
AISA के मुताबिक, नेहा बोरा की लीगल टीम ने मुख्य न्यायाधीश के समक्ष इस मामले पर तत्काल सुनवाई की मांग की है। उनकी ओर से पेश होने वाली वकीलों की टीम में अभीक चिमनी, प्रांजल अब्रोल और मोक्ष शामिल हैं। याचिका में यह तर्क दिया गया है कि पुलिस का यह नोटिस अस्पष्ट और तथ्यात्मक रूप से गलत है, साथ ही यह संविधान के अनुच्छेद 19 और 21 का उल्लंघन करता है।
पुलिस पर निगरानी और उत्पीड़न के आरोप
छात्र संगठन AISA ने गंभीर सवाल उठाए हैं कि हिरासत से बाहर आने के बाद से सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी लगातार नेहा बोरा का पीछा कर रहे हैं। संगठन का यह भी आरोप है कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बचाने और उनके इस्तीफे की मांग से जुड़े शांतिपूर्ण प्रदर्शनों को दबाने के लिए प्रशासन द्वारा अनुचित कदम उठाए जा रहे हैं।
Sources: AajTak, BBC, News18 Hindi.



