पाकिस्तान में LPG कीमतों में 50 रुपये की वृद्धि, कराची में उपभोक्ताओं पर बढ़ता दबाव
कराची में LPG के किलोग्राम की कीमत 550 रुपये तक पहुंच गई, जिससे घरों के बजट पर सीधा असर पड़ा। ईरान सीमा बंद होने और आपूर्ति समस्याओं को कारण बताया गया।

कराची में LPG की कीमत में अचानक 50 रुपये की बढ़ोतरी हुई, जिससे घरेलू बजट पर सीधा असर पड़ा है। इस वृद्धि को मुख्य रूप से ईरान से आयात में बाधा और सरकारी उपायों की कमी के कारण माना जा रहा है।
LPG के दाम बढ़े
अभी के आंकड़ों के अनुसार, एक किलोग्राम LPG का बाजार मूल्य 550 रुपये तक पहुंच गया है, जबकि पहले यह 500 रुपये के आसपास था। यह परिवर्तन मात्र 24 घंटे में हुआ, जिससे कई परिवारों को आर्थिक तनाव का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय वितरकों ने बताया कि कीमत में इस उछाल के बाद उनके बिक्री में लगभग आधी गिरावट देखी गई है, क्योंकि उपभोक्ता अब कम खरीदारी कर रहे हैं।
पाकिस्तान में गैस संकट
ग्लोबल स्तर पर बढ़ते यूएस‑ईरान तनाव ने कई देशों में LPG आपूर्ति को प्रभावित किया है, और पाकिस्तान इस प्रभाव का प्रमुख शिकार बन गया है। अक्टूबर 17 को ईरान सीमा बंद करने के बाद, आयातित LPG की मात्रा में उल्लेखनीय कमी आई, जिससे बाजार में कमी और कीमतों में उछाल दोनों ही स्पष्ट हो गए। इस स्थिति को देखते हुए, शहबाज शरीफ सरकार ने अभी तक कोई ठोस राहत योजना पेश नहीं की है।
उपभोक्ताओं पर प्रभाव
लोगों के पास पाईप्ड नेचुरल गैस (PNG) की सुविधा नहीं है, इसलिए LPG ही उनका मुख्य ईंधन विकल्प है। कीमतों में वृद्धि के कारण न केवल खाना पकाने की लागत बढ़ी है, बल्कि परिवहन, बेकरी और तंदूर उत्पादों की कीमतों पर भी असर पड़ने की संभावना जताई गई है। कई घरों ने बताया कि अब वे लकड़ी या अन्य सस्ते विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे पर्यावरणीय जोखिम भी बढ़ सकता है।
आगे क्या हो सकता है?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ईरान से LPG की आपूर्ति बाधित रहती है और सरकार द्वारा प्रभावी कदम नहीं उठाए जाते, तो कीमतें और बढ़ सकती हैं। उन्होंने बाजार में निरंकुश मूल्य निर्धारण को रोकने के लिए कड़ी निगरानी और नियामक उपायों की आवश्यकता पर बल दिया। वर्तमान में स्थानीय मार्केटिंग कंपनियां मनमानी कीमतें वसूल रही हैं, जिससे उपभोक्ताओं की सुरक्षा और कमजोर हो रही है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, उपभोक्ताओं को उपलब्ध विकल्पों का मूल्यांकन करने और संभावित सरकारी सहायता की प्रतीक्षा करने की सलाह दी जा रही है।
Sources: AajTak, Jagran, News18 Hindi.



